📰 अंबेडकर जयंती विशेष न्यूज़ रिपोर्ट | रामनगर (गन्नौर, सोनीपत)
रामनगर में ऐतिहासिक अंबेडकर जयंती समारोह, अंबेडकर भवन शिलान्यास से गूंजा सामाजिक एकता का संदेश
रामनगर (गन्नौर, सोनीपत, हरियाणा), 14 अप्रैल 2026।
भारत रत्न, भारतीय संविधान के शिल्पकार एवं सामाजिक न्याय के अग्रदूत डॉ. भीमराव रामजी अंबेडकर जी की जयंती के पावन अवसर पर गांव रामनगर में एक भव्य, प्रेरणादायक और ऐतिहासिक समारोह का आयोजन किया गया। यह आयोजन न केवल श्रद्धांजलि का माध्यम बना, बल्कि सामाजिक जागरूकता, शिक्षा और एकता का सशक्त संदेश भी देकर गया।
सुबह से ही गांव में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम स्थल को आकर्षक ढंग से सजाया गया था और बाबा साहेब की प्रतिमा एवं चित्रों को फूलों से सजाकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। ग्रामीणों, युवाओं, महिलाओं और बुजुर्गों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाया। पूरे आयोजन के दौरान “जय भीम” और सामाजिक एकता के नारों से वातावरण गूंजता रहा।
इस ऐतिहासिक अवसर की सबसे विशेष उपलब्धि रही अंबेडकर भवन का शिलान्यास, जो आने वाले समय में क्षेत्र के सामाजिक, शैक्षिक और सांस्कृतिक विकास का केंद्र बनेगा। यह भवन न केवल कार्यक्रमों और बैठकों के लिए उपयोगी होगा, बल्कि युवाओं के लिए प्रेरणा और मार्गदर्शन का केंद्र भी बनेगा। इस पहल ने ग्रामीणों के मन में नई आशा और आत्मविश्वास का संचार किया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री जसवीर सिंह दोदवा (पूर्व जिला अध्यक्ष, भाजपा सोनीपत) उपस्थित रहे। अपने संबोधन में उन्होंने डॉ. अंबेडकर के विचारों को आज के समय में भी प्रासंगिक बताते हुए कहा कि शिक्षा, समानता और अधिकारों के प्रति जागरूकता ही समाज को सशक्त बना सकती है। उन्होंने अंबेडकर भवन के निर्माण को क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला पार्षद बहन कविता शर्मा जी ने की। उन्होंने अपने वक्तव्य में महिलाओं और युवाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक रहने और समाज में सकारात्मक भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के आदर्शों को अपनाकर ही हम एक समतामूलक और प्रगतिशील समाज का निर्माण कर सकते हैं।
इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष श्री गौरव कामरा जी की विशेष उपस्थिति रही, जिन्होंने कार्यक्रम की सराहना करते हुए इसे सामाजिक समरसता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज को जोड़ने और जागरूक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
🎤 कार्यक्रम का संचालन नरेश दास वैष्णव निम्बार्क द्वारा अत्यंत प्रभावशाली, अनुशासित और प्रेरणादायक ढंग से किया गया। उन्होंने अपने संबोधन में बाबा साहेब के जीवन संघर्ष, उनके शिक्षा के प्रति समर्पण और भारतीय संविधान के निर्माण में उनके योगदान पर विस्तृत प्रकाश डाला। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं को शिक्षा और संस्कारों के माध्यम से आगे बढ़ने का संदेश दिया।
इस आयोजन को सफल बनाने में सरपंच श्रीमती सुदेश कुमारी (धर्मपत्नी श्री बलराज छोककर) की अहम भूमिका रही। उनके कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में पूरे कार्यक्रम की व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संपन्न हुईं। उन्होंने गांव के लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह आयोजन सभी के सहयोग से संभव हो पाया है।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं, जिनमें बच्चों और युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से बाबा साहेब के जीवन और उनके संघर्षों को दर्शाया गया, जिसने उपस्थित लोगों को भावुक और प्रेरित किया।
इस समारोह में क्षेत्र के अनेक गणमान्य व्यक्ति, सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षक, युवा और महिलाएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बाबा साहेब के विचारों को आत्मसात करने और समाज में समानता, शिक्षा और भाईचारे को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।
अंबेडकर जयंती का यह आयोजन केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह सामाजिक परिवर्तन और जागरूकता का एक सशक्त माध्यम बनकर सामने आया। इसने यह संदेश दिया कि जब समाज एकजुट होकर सकारात्मक पहल करता है, तो विकास और प्रगति के नए रास्ते खुलते हैं।
अंत में, सभी उपस्थित लोगों ने बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम ने पूरे क्षेत्र में एक नई ऊर्जा, जागरूकता और एकता की भावना को मजबूत किया।
📍 रिपोर्ट / प्रकाशन: नरेश दास वैष्णव निम्बार्क
🌐 अधिक जानकारी: https://aimamedia.org/newsdetails.aspx?nid=634839�
🌐 वेबसाइट: www.nareshswaminimbark.in�
- Link to Vaishnav Samaj — History for context
- Link to Books for deeper learning
- Link to related posts on values, seva and gratitude